

जॉनी अभी अभी स्कूल से आया था। आते ही स्कूल बैग कमरे के कोने में धड़ाम से फेंक कर जॉनी ने उसकी तरफ देखा तक नहीं। उसने सोचा, स्कूल से मिला गृहकार्य इंतजार कर सकता है।
वह पियानो पर बैठा था और उसकी उंगलियां उसकी कुंजियों (की) पर चल
जॉनी तीसरी कक्षा में पढ़ने वाले और बच्चों जैसा नहीं है । उसे गेंद को किक मारकर उछालना कुछ खास पसंद नहीं है, लेकिन जब बात संगीत की आती है, तो उसे खुद को रोकना पड़ता है। नहीं तो, वह पूरे दिन पियानो पर ही बैठा रहता।
आज रात उसे अपना पहला असली गायन पेश करने का मौका मिलेगा। असली दर्शकों
उसने मोटी संगीत पुस्तिका निकाली, जिसमें संगीतकार का गंभीर चेहरा झलक रहा था। उसने पन्नों को पलटा और अभ्यास करना शुरू
फिर आखिरकार उसे जो याद था, उसे बजाया। जब जाने का समय आया, तो उसने एक नया सूट पहना, अपने बालों में कंघी की, शीट्स उठाईं और उत्साह के साथ चल दिया।
जैसे ही वह कॉन्सर्ट हॉल के पास पहुंचा, तो उसे एहसास हुआ कि अब वह उत्साहित महसूस नहीं कर रहा है। उसके पैर आगे नहीं बढ़ पा रहे थे और उसे घबराहट
टीचर कॉन्सर्ट हॉल…